तमिलनाडु के तिरुवल्लुर के पास एक डीजल ले जा रही मालगाड़ी में शनिवार सुबह भीषण आग लग गई। आग इतनी खतरनाक थी कि पूरे इलाके में धुएं का गुबार छा गया। ट्रेन को तुरंत रोक दिया गया और रेलवे ट्रैक पर अफरा-तफरी मच गई। हादसे के बाद तुरंत दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुंची और आग बुझाने का काम शुरू कर दिया। चार वैगन आग की चपेट में आ गए जिनमें डीजल भरा हुआ था। राहत की बात यह रही कि बाकी डिब्बों को समय रहते अलग कर लिया गया।
मालगाड़ी जा रही थी तिरुपति की ओर
जानकारी के मुताबिक, यह मालगाड़ी मणाली से तिरुपति की ओर डीजल लेकर जा रही थी। तिरुवल्लुर के पास चार डिब्बों में आग लग गई जिससे ट्रेनों की आवाजाही भी बाधित हो गई। रेलवे प्रशासन ने तुरंत आसपास के ट्रेनों को रोका और सुरक्षा के चलते ओवरहेड वायर से बिजली की आपूर्ति बंद कर दी गई। इस हादसे की वजह से चेन्नई से निकलने और चेन्नई की ओर आने वाली कई ट्रेनें प्रभावित हुई हैं। फिलहाल रेलवे ट्रैक को खाली कराने और आग पूरी तरह बुझाने का काम जारी है।
रेलवे ने जारी किया अलर्ट
दक्षिण रेलवे ने इस दुर्घटना के बाद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट जारी कर जानकारी दी कि ओवरहेड लाइन से बिजली सप्लाई बंद कर दी गई है और कई ट्रेन सेवाएं रद्द कर दी गई हैं। लोगों को यात्रा से पहले अपडेट चेक करने की सलाह दी गई है। इसमें खासकर चेन्नई सेंट्रल स्टेशन से रवाना होने वाली ट्रेनें रद्द की गई हैं जिनमें वंदे भारत एक्सप्रेस, शताब्दी एक्सप्रेस, कोवई सुपरफास्ट, सप्तगिरी एक्सप्रेस और डबल डेकर जैसी प्रमुख ट्रेनें शामिल हैं। यात्रियों को समय रहते सूचित करने के लिए रेलवे ने हेल्पलाइन नंबर भी सक्रिय कर दिए हैं।
इन ट्रेनों को किया गया पूरी तरह रद्द
हादसे के कारण जिन ट्रेनों को 13 जुलाई की सुबह पूरी तरह रद्द कर दिया गया है उनमें शामिल हैं – ट्रेन नंबर 20607 वंदे भारत एक्सप्रेस (चेन्नई से मैसूर), 12007 शताब्दी एक्सप्रेस (चेन्नई से मैसूर), 12675 कोवई सुपरफास्ट एक्सप्रेस (चेन्नई से कोयंबटूर), 12243 शताब्दी एक्सप्रेस (चेन्नई से कोयंबटूर), 16057 सप्तगिरी एक्सप्रेस (चेन्नई से तिरुपति), 22625 डबल डेकर एक्सप्रेस (चेन्नई से बेंगलुरु), 12639 वृंदावन सुपरफास्ट एक्सप्रेस (चेन्नई से बेंगलुरु) और 16003 नागरसोल एक्सप्रेस। इन सभी ट्रेनों की समय पर रवानगी की संभावना अब नहीं है और यात्रियों को अगली सूचना का इंतजार करना होगा।







