Madhya Pradesh Weather: मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से एक नया वर्षा तंत्र सक्रिय होने वाला है। इससे राज्य में मूसलाधार बारिश जारी रहेगी। दक्षिणी भाग सबसे ज़्यादा प्रभावित होंगे। मौसम विभाग के अनुसार, अगले चार दिनों तक मध्य प्रदेश में हल्की बारिश की चेतावनी जारी की गई है। गरज-चमक के साथ बारिश और तेज़ हवाएँ भी चलती रहेंगी। पाँचवें दिन भारी बारिश भी शुरू हो जाएगी।
सोमवार की बारिश
राज्य में सोमवार को भी बारिश जारी रही। भोपाल, नर्मदापुरम, सागर, मंडला, मुरैना, बड़वानी और खरगोन जैसे जिलों में बारिश दर्ज की गई। ग्वालियर में सबसे ज़्यादा लगभग सवा इंच बारिश हुई। राजधानी भोपाल में सोमवार सुबह से ही बादल छाए रहे, लेकिन दिन में धूप खिलने के बाद शाम को बारिश शुरू हो गई। बड़वानी में भारी बारिश के कारण जलभराव हो गया, जिससे किसानों की फसलों को नुकसान हुआ।
ये भी पढ़ें – इंदौर-शारजाह फ्लाइट अब रोजाना, एयर इंडिया एक्सप्रेस का नया शेड्यूल
हल्की बारिश की चेतावनी
मौसम विभाग ने जानकारी दी है कि भोपाल, बिदिशा, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, नर्मदापुरम, हरदा, बैतूल, छिंदवाड़ा, सिवनी, बालाघाट, पांढुर्ना, बुरहानपुर, खंडवा, खरगोन, अलीराजपुर, बड़वानी, धार, झाबुआ, झाबुआ, इंदौआ, बुरहानपुर में हल्की बारिश की चेतावनी जारी की गई है। उज्जैन, शाजापुर, आगर, मंदसौर, नीमच, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, ग्वालियर, दतिया, भिंड, मुरैना, श्योपुर कलां, सिंगरौली, सीधी, रीवा, मऊगंज, सतना, शहडोल, उमरिया, कटनी, जबलपुर, नरसिंहपुर, पन्ना, सागर, तिमोहतपुर, चोयापुर मैहर।
राज्य के 12 जिलों से मानसून की वापसी
नए सिस्टम बनने से फिलहाल प्रदेश से मानसून की वापसी नहीं होगी। एक सप्ताह बाद मानसून लौटना शुरू हो जाएगा। गौरतलब है कि राज्य के 12 जिलों से मानसून पहले ही विदा हो चुका है। इनमें ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, शिवपुरी, गुना, आगर-मालवा, नीमच, मंदसौर और रतलाम शामिल हैं। राजगढ़ और अशोकनगर के कुछ हिस्से भी विदा हो चुके हैं।
ये भी पढ़ें – अक्टूबर 2025 बैंक हॉलिडे लिस्ट: त्योहारों और सरकारी छुट्टियों का पूरा कैलेंडर







