वैलेंटाइन डे केवल गुलाब देने या प्यार जताने का दिन नहीं है। यह दिन हमारे दिल की धड़कन को समझने और उसे स्वस्थ रखने का भी है। वैज्ञानिक कहते हैं कि खुश रहने पर हमारे शरीर में ऑक्सीटोसिन, डोपामाइन और सेरोटोनिन हार्मोन बढ़ जाते हैं। ये हार्मोन ब्लड प्रेशर कम करते हैं, दिल की गति संतुलित करते हैं और हृदय रोग का जोखिम 22% तक घटा सकते हैं। दिल सिर्फ खून से नहीं बल्कि हमारी भावनाओं से भी चलता है।
तनाव घटाने से दिल को मिलता है आराम
जब हम तनाव कम करते हैं, तो कोर्टिसोल घटता है, रक्त वाहिकाएं रिलैक्स होती हैं, सूजन कम होती है और दिल को खुद को सुधारने का मौका मिलता है। सकारात्मक सोच रखने वाले लोग अधिक अच्छी नींद लेते हैं और नियमित व्यायाम करते हैं। इससे उनका दिल न केवल खुश बल्कि मजबूत भी रहता है। इस वैलेंटाइन डे, सिर्फ “आई लव यू” कहने के बजाय अपने दिल से कहें कि “मैं तुम्हारी देखभाल करूंगा।”
दिल को मजबूत बनाने के लिए जरूरी जीवनशैली
दिल की सेहत मजबूत रखने के लिए समय पर भोजन करें, रोज़ाना 30 मिनट पैदल चलें, 7-8 घंटे की नींद लें, तनाव कम करें और नियमित स्वास्थ्य जांच कराएं। योग और प्राणायाम, हेड मसाज, धूप में समय बिताना और शौक पूरे करना दिल के लिए फायदेमंद हैं। ताजगी से भरा और गर्म भोजन लें, सलाद, मौसमी फल, दही और छाछ शामिल करें। तैलीय, अधिक नमक, चीनी और परिष्कृत आटे का सेवन कम करें।
मोटापा, रक्तचाप और कोलेस्ट्रॉल पर ध्यान दें
हृदय की सेहत के लिए मोटापे से बचना अत्यंत आवश्यक है। सुबह खाली पेट नींबू पानी पिएं, लौकी का सूप और सब्जी लें, अनाज और चावल कम करें। रक्तचाप संतुलित करने के लिए नमक कम करें, योग और प्राणायाम करें, शराब और धूम्रपान से बचें। कोलेस्ट्रॉल घटाने के लिए अलसी के बीज, ओट्स, संतरे का रस, बादाम और पिस्ता अपने आहार में शामिल करें। इस तरह के उपाय अपनाकर दिल को स्वस्थ, खुश और मजबूत बनाया जा सकता है।







