ओडिशा के राउरकेला शहर के बिरमित्रापुर इलाके में शुक्रवार को एक बड़ा रेल हादसा हुआ। एक मालगाड़ी पटरी से उतर गई जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। इस हादसे में करीब 8 डिब्बे पटरी से उतर गए। जैसे ही तेज आवाज हुई, आसपास के लोग डर के मारे घरों से बाहर आ गए और बड़ी संख्या में मौके पर जुट गए। हालांकि पुलिस और रेलवे अधिकारियों ने तुरंत मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाल लिया और लोगों को दूर किया ताकि कोई और अव्यवस्था न हो।
प्राइवेट फैक्ट्री के ट्रैक पर हुआ हादसा
जानकारी के मुताबिक यह मालगाड़ी बिरमित्रापुर से बीएसएल कंपनी के लिए चूना पत्थर लेकर जा रही थी। जब यह ट्रेन बिरमित्रापुर में एक निजी फैक्ट्री के ट्रैक में प्रवेश कर रही थी तभी अचानक डिब्बे पटरी से उतर गए। हालांकि हादसे की असली वजह अभी साफ नहीं हो पाई है और जांच की जा रही है। राहत की बात यह है कि हादसे में किसी की जान नहीं गई और न ही किसी के घायल होने की खबर है। इस मालगाड़ी में सिर्फ सामान लदा हुआ था, कोई यात्री नहीं था।

रेलवे की टीम मौके पर पहुंची, मरम्मत का काम शुरू
जैसे ही रेलवे को हादसे की जानकारी मिली, विभाग की रेस्क्यू टीम तुरंत मौके पर पहुंची और ट्रैक की मरम्मत शुरू कर दी गई। रेलवे के कर्मचारी लगातार पटरी पर गिरे डिब्बों को हटाने और ट्रैक को दुरुस्त करने में जुटे हुए हैं। यह हादसा रेलवे के मुख्य ट्रैक पर नहीं हुआ बल्कि एक निजी उद्योग परिसर के ट्रैक पर हुआ है। इस कारण रेल सेवा पर कोई प्रभाव नहीं पड़ा है और मुख्य रेलवे लाइन से चलने वाली ट्रेनों पर इसका कोई असर नहीं पड़ा।
बिरमित्रापुर का यह इलाका है औद्योगिक गतिविधियों का केंद्र
बिरमित्रापुर क्षेत्र में यह फैक्ट्री चूना पत्थर के उत्पादन के लिए जानी जाती है। यहां पर मालगाड़ियां नियमित रूप से आती-जाती रहती हैं जो खनिज पदार्थों को लेकर विभिन्न कंपनियों तक पहुंचाती हैं। ऐसे में ट्रैक पर आवाजाही काफी रहती है। स्थानीय लोग कहते हैं कि इस तरह की घटना पहली बार नहीं हुई है लेकिन इतनी बड़ी संख्या में डिब्बों का पटरी से उतरना जरूर चिंताजनक है। रेलवे और फैक्ट्री प्रबंधन इस पूरे हादसे की जांच कर रहे हैं ताकि आगे इस तरह की घटनाएं रोकी जा सकें।







