भोपाल में राज्य ब्यूरो। मध्य प्रदेश गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल की समीक्षा बैठक में, नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय की अध्यक्षता में, श्रमिक वर्ग के लिए महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। मंत्री ने राज्य के औद्योगिक क्षेत्रों के आसपास 5,000 एलआईजी और EWS आवास बनाने का आदेश दिया।
तीन से चार मंजिला इमारतें बनाकर सीमित जमीन का अधिकतम उपयोग किया जाएगा, उन्होंने बताया। औद्योगिक क्षेत्रों में आवास उपलब्ध होने से कर्मचारियों का समय और खर्च बचेगा, जिससे उनकी कार्यक्षमता और जीवन स्तर में सुधार होगा।
मंडल और परिवार पेंशनर्स को सातवें वेतनमान के तहत दो प्रतिशत अतिरिक्त महंगाई राहत दी जाएगी। इसके साथ ही, संपत्तियों में नाम जोड़ने या हटाने से संबंधित पुराने पत्र को तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया गया, जिससे पारदर्शिता बढ़ी।
मंडल की ‘आवासीय पुनर्विकास योजना’ और ‘सुराज योजना’ के वार्षिक कार्यक्रमों को शामिल करने के साथ-साथ वित्तीय वर्ष 2025-26 के पुनरीक्षित बजट और आगामी वार्षिक बजट को भी मंजूरी दी गई, जिससे प्रदेश की शहरी अधोसंरचना को नई गति मिलेगी। अपर मुख्य सचिव संजय दुबे, मंडल आयुक्त गौतम सिंह और अन्य विभागीय अधिकारी इस दौरान उपस्थित रहे।
भोपाल में मंत्री विजयवर्गीय ने बड़ी परियोजनाओं की समीक्षा की। भविष्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए, नवीनतम कलेक्ट्रेट और कमिश्नर भवन के निर्माण के लिए निर्देश दिए गए, जिसमें “सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट” भी शामिल है। उन्होंने कहा कि अत्याधुनिक सुविधाओं के साथ इन भवनों में ग्रीन बिल्डिंग मानकों का कड़ाई से पालन किया जाए, जिससे ऊर्जा दक्षता और पर्यावरण संतुलन बना रहे।







